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पहली नज़र
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सोमवार , , 17 सितम्बर |
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मुवी मेम
तरकश की खबरदार खबरी
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पहली नज़र - पहली ख़बर
मुवी मेमसाब पहुँच गई है लेने खबर. खबर है फिल्म साँवरिया की.
संजय लीला भंसाली, एक कलाकार हैं. उनकी फिल्में सिर्फ फिल्में ना होकर एक कला कृति होती है. सही है ना!संजय लीला भंसाली की अगली फिल्म है साँवरीया. एक फिल्म कई मामलों मे बहुत खास है. एक तो इस वजह से कि कपूर खानदान की चौथी पीढ़ी के रणवीर कपूर इस फिल्म से सिनेमा जगत में प्रवेश कर रहे हैं, और उनके साथ दिखाई देंगी, सोनम कपूर जो कि मशहूर फिल्म अभिनेता अनिल कपूर की बेटी हैं. वाह यह तो कमाल है!
कमाल सिर्फ इतना ही नही हैं. फिल्म को फायनेंस किया है "सोनी" के "कोलम्बिया मोशन पिक्चर्स" ने जो कि हॉलिवुड का मशहूर स्टूडियो है. इस तरह से अब हॉलिवुड भी हिन्दी फ़िल्मे बनाने जा रहा है. यह तो खुशी की बात है.
आइए अब देखते हैं कि यह फिल्म है कैसी. भई संजय लीला भंसाली ने जब से देवदास बनाई है, उनका एक अलग ही ट्रेंड सा चल गया है. उनकी फिल्म है तो वह भव्य होगी, दृश्य बहुत ही खूबसूरत होंगे, संपादन कसा हुआ होगा, और हर फ्रेम ऐसी होगी कि बस प्रिंट निकालकरदिवार पर लगा दो तो पेंटिंग लगे.
फिल्म की कहानी कुछ ऐसी होगी कि, एक 22 वर्षीय नौजवान होगा, जिसका नाम होगा राज. राज ख्वाबों की दूनिया मे जीता है. अकेला रहता है. अपने पडोसियों से प्यार करता है. कविताएं लिखता है. खुद अपने से सवाल करता है और खुद ही जवाब देता है. अपनी मकान मालकिन मिस डीसा के साथ लडता है और मनाता है. उसे खुद को नही पता वो क्या है और क्यों है.
उसकी दूनिया तब बदलती है, जब उसकी मुलाकात एक ऐसी लड़की से होती है जिसे अपनी तलाश है. अगली चार रातें उसके जीवन को पूरी तरह से बदल देने वाली होती हैं. शिमला की खूबसूरत वादियों के बीच कुछ ख्वाबों मे और कुछ हकीक़त में एक अजीब और अनजानी अनुभूतियाँ दोनों को होती है. और चार रातों के बाद राज की दूनिया बदल जाती है. उसे खुद के होने का अहसास होता है. उसका खोया हुआ सच मिल जाता है.
यहाँ फिल्म एक फेंटेसी फिल्म होगी. लेकिन संजय दोनों नए कलाकारों के साथ आखिरकार कैसी फिल्म बना पाए हैं, यह तो फिल्म देखकर ही पता चलेगा. अपेक्षाएँ बहुत है, बोझ भी बहुत है. आगे आगे देखते हैं, होता है क्या?
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