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शोपिंग का नशा इंसान के लिए घातक है; बचाव के उपाय |
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रोचक तथ्य और जानकारी
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मंगलवार , , 09 दिसम्बर |
खरीदी करने का नशा किसी भी व्यक्ति के लिए काफी घातक साबित हो सकता है. यह नशा समय के साथ गहरा होता जाता है और एक समय ऐसा आता है जब व्यक्ति उदासीनता की चपेट में आ जाता है.
तीन अलग अलग शोध से साबित हुआ है कि खरीददारी की करने की प्रबल ईच्छा एक तरह का नशा है जो इंसान को शारीरिक और मानसिक कष्ट देता है.
खरीददारी का नशा हो जाने से व्यक्ति ना केवल वित्तीय संकट में पड जाता है बल्कि घरेलू क्लेश, चिंता, तनाव और उदासीनता की चपेट में आ जाता है.
रिचमंड विश्वविद्यालय, और इलिनियोस विश्वविद्यालय की अलग अलग शोध से पता चला है कि जिन लोगों को खरीददारी करने का नशा हो जाता है वे अपनी खरीदी के पीछे बडी से बडी कीमत चुकाने को तैयार हो जाते हैं, फिर भी उन्हे संतोष प्राप्त नहीं होता है.
ऐसे लोग अपनी खरीदी को परिवार से छिपाते हैं, घर में असंतोष फैलाते हैं, चीजें लेकर वापस लौटाते नहीं हैं और अधिक से अधिक क्रेडिट कार्ड प्राप्त करने की कोशिश करते हैं.
लेकिन अंत में वे मानसिक कष्टों के घेरे में फँस जाते हैं.
खरीददारी के नशे से बचने के लिए क्या करें?
- अपने लिए मासिक बजट बनाएँ
- घर उपयोगी चीजें पहले खरीदें
- भविष्य मे आने वाले त्यौहार और समारोह की सूची पहले से बना लें और तय करें की आपके पास इन आयोजनों के समय पहनने के लिए कपडे हैं या नहीं.
- अपनी कमाई का अमुक हिस्सा बचत के लिए पहले से निर्धारित रखें, उस पैसे से खरीददारी ना करें.
- हमेशा खरीददारी करने के लिए रखी गई रकम से कम व्यय करें.
- अधिक क्रेडिट कार्ड ना रखें और इनका सीमित उपयोग करें.
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