टीवी पर "चड्डी पहन के फूल खिला है" मोगली तो आपने देखा ही होगा. रुडयार्ड किपलिंग का यह पात्र बच्चों ही नही बडों के बीच भी काफी लोकप्रिय हुआ था.
वह एक काल्पनिक पात्र था जिसे भेड़ियों ने पाला था. लेकिन हाल ही में रूस में एक ऐसी बच्ची का पता चला है जिसे सचमुच में इंसानो ने नही बल्कि कुत्तों ने पाला है. अपनी मां द्वारा तिरस्कृत इस बच्ची को घर के कुत्तों ने सम्भाला.
ऐसा नही है कि उसकी माँ जिवित नही है. 3 साल की इस बच्ची जिसका नाम मेडिना है, कि माँ 24 वर्षीय है और जिवित है, लेकिन वह अपनी बेटी का ध्यान नही रखती और हर समय शराब मे डूबी रहती है.
यहाँ तक कि वह मेडिना को खाना भी नही खिलाती थी और मेडिना को घर के कुत्तों के साथ ही खाना खाना पडता था.
अब कुछ सामाजिक कार्यकर्ताओं ने एडिना को इस जुल्म से मुक्त करा लिया गया है.
एडिना पर कुत्तों का इतना गहरा असर पडा है कि वह बोलना भी नही सीख पाई है और मात्र गुर्राती है. यही नही वह चलती भी चार पैरों से है. एडिना कुत्तों के साथ ही खाना खाती है और उन्ही के पास सोती है.
पुलिस ने अब एडिना को अपने कब्जे मे और उसकी माँ को हिरासत मे ले लिया है.